Home » बिहार में जेपी सेनानियों को मिलेगा बड़ा सम्मान, छूटे नामों के लिए बनेगी कमेटी: सीएम सम्राट चौधरी
जेपी आंदोलन के हर सेनानी को मिलेगा उचित सम्मान, छूटे नामों को जोड़ने के लिए बनेगी कमेटी: सीएम सम्राट चौधरी
पटना: बिहार के मुख्यमंत्री श्री सम्राट चौधरी ने आज पटना के ज्ञान भवन में आयोजित ‘संविधान हत्या दिवस’ कार्यक्रम में एक बड़ा ऐलान किया। उन्होंने कहा कि जेपी आंदोलन के हर सेनानी और लोकतंत्र रक्षक को उचित सम्मान दिया जाएगा। इसके साथ ही, जो पात्र लोग किसी कारणवश अब तक सरकारी लाभ और पेंशन से वंचित रह गए हैं, उनके नामों को जोड़ने के लिए एक विशेष समिति (कमेटी) का गठन किया जाएगा।
इस भव्य कार्यक्रम का शुभारंभ केंद्रीय स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्री श्री जे०पी० नड्डा और मुख्यमंत्री श्री सम्राट चौधरी ने दीप प्रज्ज्वलित कर किया। दोनों नेताओं ने लोकनायक जयप्रकाश नारायण जी के चित्र पर पुष्प अर्पित कर उन्हें नमन किया और कार्यक्रम में मौजूद जेपी सेनानियों को सम्मानित किया।
📌 लेख के मुख्य बिंदु (Key Highlights)
लोकतंत्र की रक्षा: सरकार संविधान के मूल्यों को अक्षुण्ण रखने और लोकतंत्र की रक्षा के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है।
डबल इंजन सरकार: केंद्र और बिहार की सरकार जनता की आकांक्षाओं को पूरा करने के लिए पूरी निष्ठा से काम कर रही है।
पेंशन में सुधार: जेपी सेनानियों की पेंशन राशि को पहले ही दोगुना किया जा चुका है, अब छूटे हुए लोगों को भी जोड़ा जाएगा।
सख्त प्रशासनिक जवाबदेही: जन शिकायतों का निवारण अब अधिकतम 30 दिनों के भीतर करना अनिवार्य होगा, लापरवाही पर अधिकारी सस्पेंड होंगे।
“आपातकाल भारतीय लोकतंत्र का एक काला अध्याय था”
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने कहा कि लगभग 50 वर्ष पूर्व देश ने लोकतंत्र पर सबसे बड़ा आघात देखा था। उन्होंने कहा, “आपातकाल एक ऐसा काला अध्याय था, जब संविधान और लोकतांत्रिक मूल्यों को कुचलने का प्रयास किया गया। इसी स्मृति को जीवित रखने के लिए आज देशभर में संविधान हत्या दिवस मनाया जा रहा है।”
उन्होंने कांग्रेस पर निशाना साधते हुए कहा कि पुरानी सरकारों ने सिर्फ ‘गरीबी हटाओ’ का नारा दिया, लेकिन प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने गरीबों के जीवन में वास्तविक बदलाव लाया है। पीएम आवास योजना, मुफ्त राशन और हर घर बिजली जैसी योजनाओं ने गरीबों को सशक्त किया है। बिहार में पूर्व मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के नेतृत्व में घर-घर बिजली पहुंचाई गई और अब राज्य में 125 यूनिट मुफ्त बिजली दी जा रही है। साथ ही, पीएम सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना से 25 लाख गरीब परिवारों को जोड़ने का लक्ष्य है।
जन शिकायतों के लिए लागू हुई ‘सख्त जवाबदेही प्रणाली’
मुख्यमंत्री ने प्रशासनिक कामकाज में पारदर्शिता और तेजी लाने के लिए एक बेहद सख्त समय-सीमा (Time-limit) की घोषणा की। यदि जनता के किसी आवेदन का समय पर निपटारा नहीं होता है, तो अधिकारियों पर गाज गिरेगी:

समयावधि (Days)की जाने वाली कार्रवाई (Action)
10 दिन भीतर समाधान न होने परसंबंधित अधिकारी को पहला नोटिस
20 दिन बीत जाने परअधिकारी को दूसरा नोटिस
25 दिन बीत जाने परअधिकारी को तीसरा नोटिस
30 दिन के भीतर निष्पादन न होने पर
रिकॉर्ड काम: सीएम ने बताया कि अब तक राज्य सरकार को लगभग 3 लाख 70 हजार आवेदन प्राप्त हुए हैं, जिनमें से 3 लाख 20 हजार मामलों का त्वरित निष्पादन (निपटारा) किया जा चुका है।
भोजपुर घटना पर त्वरित एक्शन और कर्पूरी ठाकुर की विरासत
मुख्यमंत्री ने भोजपुर में हुई हालिया घटना का उल्लेख करते हुए जनता को भरोसा दिलाया कि राज्य सरकार ने तत्काल उच्चस्तरीय न्यायिक आयोग का गठन कर दिया है। पीड़ितों को न्याय मिलेगा और दोषियों को किसी भी कीमत पर बख्शा नहीं जाएगा।
जननायक कर्पूरी ठाकुर को याद करते हुए उन्होंने कहा कि वे लोकतंत्र के सशक्त प्रहरी थे। नीतीश सरकार में जब वे खुद वित्त मंत्री थे, तब जेपी सेनानियों की पेंशन राशि को दोगुना किया गया था। उन्होंने वादा किया कि अगली बार 25 जून को जब कार्यक्रम होगा, तो कमेटी द्वारा खोजे गए नए पात्र जेपी सेनानियों को भी सम्मानित किया जाएगा।
केंद्रीय मंत्री जेपी नड्डा का ‘बिहारी’ के रूप में स्वागत
सम्राट चौधरी ने केंद्रीय मंत्री जेपी नड्डा का स्वागत एक आंदोलनकारी के रूप में किया। उन्होंने कहा कि श्री नड्डा छात्र जीवन से ही आपातकाल विरोधी आंदोलनों से जुड़े रहे हैं। बिहार के लोगों का उनसे विशेष लगाव है और हम सब उन्हें ‘बिहारी’ ही मानते हैं।
इस कार्यक्रम को केंद्रीय कपड़ा मंत्री श्री गिरिराज सिंह, जेपी सेनानी श्री रघुपति जी और श्री राजाराम पाण्डेय ने भी संबोधित किया। इस अवसर पर सांसद राधामोहन सिंह, उपमुख्यमंत्री/कृषि मंत्री विजय कुमार सिन्हा समेत कई मंत्री, विधायक और गणमान्य लोग उपस्थित थे।
