Home » मतदाता सूची में गड़बड़ी पर कांग्रेस आक्रामक, चुनाव आयोग को सौंपा मांग पत्र
वोटर लिस्ट पर झारखंड में सियासी हलचल: कांग्रेस ने सीईओ के. रवि कुमार को सौंपा मांग पत्र; रांची-हटिया सहित कई सीटों पर खराब मैपिंग का उठाया मुद्दा
30 जून से भरे जाएंगे प्रपत्र, जटिलता दूर करने के लिए 19 जून से बीएलओ को मिलेगी विशेष ट्रेनिंग; बोकारो की तर्ज पर हर पंचायत में सहायता केंद्र बनाने की मांग
रांची, 15 जून 2026:
झारखंड में मतदाता सूची के विशेष पुनरीक्षण कार्य को पारदर्शी, सटीक और पूरी तरह त्रुटिहीन बनाने के लिए झारखंड प्रदेश कांग्रेस कमेटी ने मोर्चा खोल दिया है। कांग्रेस के एक उच्चस्तरीय प्रतिनिधिमंडल ने आज मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी (CEO) के. रवि कुमार से मुलाकात कर चुनाव आयोग के नाम एक महत्वपूर्ण मांग पत्र सौंपा। यह मांग पत्र कांग्रेस के प्रदेश महासचिव सूर्यकांत शुक्ला और प्रदेश महासचिव सह मीडिया संयोजक लाल किशोर नाथ शाहदेव की ओर से संयुक्त रूप से सौंपा गया, जिसमें वास्तविक मतदाताओं के नाम कटने की आशंका जताते हुए तुरंत सुधारात्मक कदम उठाने की अपील की गई है।
📊 विधानसभा सीटों पर मैपिंग की स्थिति: कांग्रेस ने उठाए सवाल
कांग्रेस नेताओं ने आंकड़ों का हवाला देते हुए राज्य के कई शहरी और महत्वपूर्ण विधानसभा क्षेत्रों में मतदाता सूची मैपिंग के बेहद खराब स्तर पर गहरी चिंता व्यक्त की है। उनके द्वारा सौंपे गए मुख्य आंकड़े इस प्रकार हैं:
विधानसभा क्षेत्र
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मतदाता सूची मैपिंग का प्रतिशत
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कांग्रेस की मांग व चिंता
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जमशेदपुर पूर्वी
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46.65%
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राज्य के औसत (79%) से बेहद कम, विशेष ध्यान देने की जरूरत।
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हटिया
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50.84%
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आधी आबादी की मैपिंग अधूरी, तार्किक विसंगतियों को सुधारने की मांग।
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रांची
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51.37%
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राजधानी में ही मैपिंग की सुस्त रफ्तार, वास्तविक नाम कटने का खतरा।
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धनबाद
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56.99%
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कोयलांचल के इस मुख्य क्षेत्र में भी मैपिंग का स्तर काफी खराब।
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📅 19 जून से शुरू होगी बीएलओ की ट्रेनिंग
कांग्रेस महासचिव सूर्यकांत शुक्ला ने निर्वाचन पदाधिकारी का ध्यान आकर्षित करते हुए कहा कि आगामी 30 जून से गणना प्रपत्र भरने और जमा करने का बेहद महत्वपूर्ण काम शुरू हो रहा है। चूंकि यह फॉर्म काफी जटिल है और आम जनता को इसे समझने व भरने में भारी परेशानी हो सकती है, इसलिए बूथ लेवल अधिकारियों (BLO) को समय रहते मजबूत और व्यावहारिक ट्रेनिंग दी जाए।
⚡ सीईओ के. रवि कुमार का बड़ा फैसला
कांग्रेस की इस महत्वपूर्ण मांग पर त्वरित संज्ञान लेते हुए मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी श्री के. रवि कुमार ने प्रतिनिधिमंडल को आश्वस्त किया कि आगामी 19 जून 2026 से ही राज्यभर में बीएलओ के लिए विशेष ट्रेनिंग कार्य शुरू कर दिया जाएगा, ताकि प्रपत्र भरने में कोई त्रुटि न रहे।
🔍 नाम हटाने-जोड़ने में पूरी पारदर्शिता की मांग
लाल किशोर नाथ शाहदेव और सूर्यकांत शुक्ला ने साफ तौर पर कहा कि वर्तमान मतदाता सूची में नाम या अन्य जानकारियों में जो भी छोटी-मोटी गलतियां हैं, उन्हें सुधारने के लिए बीएलओ के माध्यम से मतदाताओं से तत्काल प्रपत्र-8 भरवाने का काम तेज किया जाए। साथ ही, नाम जोड़ने या हटाने के लिए जो भी दावे और आपत्तियां मिल रही हैं, उन पर कोई भी अंतिम फैसला पूरी पारदर्शिता और गहन जांच के बाद ही लिया जाए ताकि किसी भी वैध नागरिक का लोकतांत्रिक अधिकार न छीने।
🏛️ ‘बोकारो मॉडल’ लागू करने की वकालत
कांग्रेस नेताओं ने चुनाव आयोग के समक्ष एक बेहतरीन सुझाव रखते हुए कहा कि बोकारो जिला प्रशासन की तर्ज पर राज्य के सभी 24 जिलों की प्रत्येक ग्राम पंचायत और शहरी वार्ड स्तर पर ‘मतदाता सहायता केंद्र’ (Voter Help Center) स्थापित किए जाएं। इससे सुदूर ग्रामीण इलाकों और आम लोगों को अपने वोट की शुद्धता जांचने में सीधी मदद मिल सकेगी।
मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी से मुलाकात के बाद सूर्यकांत शुक्ला ने मीडिया को बताया कि सीईओ के. रवि कुमार ने कांग्रेस की तमाम मांगों पर बेहद गंभीरतापूर्वक विचार करने और मतदाता के हित में हर संभव कदम उठाने का पूर्ण भरोसा दिया है।