Home » झारखंड मतदाता सूची पुनरीक्षण 2026: इन्यूमरेशन फॉर्म भरने के नियम और कड़े निर्देश जारी
मतदाता सूची के दस्तावेज अब रखे जाएंगे परमानेंट: वर्तमान की जानकारियां सही भरें, गलत विवरण देने वाले विदेशियों पर होगी सीधे FIR !
रांची: झारखंड के मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी (CEO) श्री के. रवि कुमार ने जूम मीट के माध्यम से सभी जिला निर्वाचन पदाधिकारी, ERO, AERO और उप निर्वाचन पदाधिकारियों के साथ एक महत्वपूर्ण समीक्षा बैठक की। बैठक में उन्होंने स्पष्ट किया कि मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण वाले दस्तावेजों को परमानेंट डॉक्यूमेंट (स्थायी दस्तावेज) के रूप में सुरक्षित और डिजिटाइज करके रखा जाएगा।
श्री के. रवि कुमार ने राज्य के नागरिकों से अपील की है कि वे इन्यूमरेशन फॉर्म भरते समय केवल अपनी वर्तमान और सही जानकारियां ही दर्ज करें। यदि किसी अन्य सरकारी दस्तावेज में कोई त्रुटि (गलती) है, तो केवल मिलान करने के लिए वोटर आईडी वाले फॉर्म में गलत जानकारी बिल्कुल न भरें।
📋 इन्यूमरेशन फॉर्म (Enumeration Form) के 4 भाग: समझें भरने का सही तरीका
झारखंड में बीएलओ (BLO) द्वारा मतदाताओं के घर-घर जाकर दो प्रतियों में इन्यूमरेशन फॉर्म पहुंचाया जा रहा है। फॉर्म के सबसे ऊपरी हिस्से पर आपके क्षेत्र के BLO का नाम और मोबाइल नंबर अंकित है।
भाग 1: बुनियादी जानकारी और QR कोड
इस भाग में मतदाता का नाम, एपिक (EPIC) नंबर, पता, भाग संख्या और विधानसभा क्षेत्र की जानकारी पहले से प्रिंटेड है। इसमें एक यूनिक क्यूआर कोड और पुरानी फोटो है, जिसके ठीक बगल में मतदाता को अपनी नई रंगीन पासपोर्ट साइज फोटो चिपकानी होगी (या BLO ऐप के माध्यम से अपलोड करानी होगी)।
भाग 2: विगत SIR सूची की मैपिंग (जन्म तिथि के अनुसार 3 स्थितियां)
इस कॉलम में जानकारियों को भरते समय उसे पिछले एसआईआर (SIR) सूची के अनुसार हूबहू भरना है। इसके लिए 3 स्थितियां तय की गई हैं:
स्थिति 1 (जन्म 1 जुलाई 1987 से पहले): फॉर्म के बाएं हिस्से में पिछले SIR के अनुसार स्वयं का नाम, एपिक नंबर, पिता का नाम, संबंध, जिला, राज्य और भाग/क्रम संख्या भरें।
स्थिति 2 (जन्म 1 जुलाई 1987 से 2 दिसंबर 2004 के बीच): फॉर्म के दाएं हिस्से में माता या पिता में से किसी एक का विवरण (नाम, एपिक संख्या, पूर्व दर्ज विधानसभा आदि) हूबहू दर्ज करें।
स्थिति 3 (जन्म 2 दिसंबर 2004 के बाद): दाएं हिस्से को एक लकीर से दो भागों में बांटकर, एक तरफ पिता और दूसरी तरफ माता, दोनों का विवरण स्पष्ट रूप से भरें।
भाग 3: सामान्य व्यक्तिगत जानकारी
इस भाग में जन्म तिथि (DD/MM/YYYY), मोबाइल नंबर, पिता/माता का नाम, उपलब्ध होने पर आधार नंबर (वैकल्पिक) तथा पति/पत्नी का नाम व उनकी मतदाता क्रमांक संख्या दर्ज करनी है।
भाग 4: घोषणा और हस्ताक्षर
फॉर्म के अंत में तीन कानूनी घोषणाएं हैं, जिनमें यह प्रमाणित करना होगा कि आपके पास किसी अन्य देश की नागरिकता नहीं है। फॉर्म के नीचे दाहिनी तरफ मतदाता को अपने हस्ताक्षर करने होंगे। यदि परिवार का कोई अन्य वयस्क सदस्य इसे भर रहा है, तो उसे मतदाता से अपने संबंध का उल्लेख करना होगा।
⚠️ महत्वपूर्ण नियम और चेतावनी
कोई दस्तावेज संलग्न नहीं करना है: इस फॉर्म के साथ किसी भी प्रकार का अन्य दस्तावेज (आईडी प्रूफ आदि) अटैच नहीं करना है।
विदेशी नागरिकों पर होगी सीधे FIR: यह प्रक्रिया केवल पात्र भारतीय नागरिकों के लिए है। लोक प्रतिनिधित्व अधिनियम, 1950 की धारा 31 के तहत यदि कोई विदेशी नागरिक अवैध रूप से फॉर्म भरता है, गलत जानकारी देता है या हस्ताक्षर किए बिना फॉर्म जमा करता है, तो ERO द्वारा उसके खिलाफ सीधे FIR दर्ज कराई जाएगी।
🗓️ 14 जुलाई को सभी जिलों में सजेगी ‘चुनाव पाठशाला’
आगामी 14 जुलाई 2026 को सभी जिलों में BLO एवं BLA-2 की बैठक के साथ ‘चुनाव पाठशाला’ का आयोजन किया जाएगा। इस पाठशाला में निम्नलिखित सूचियों को सार्वजनिक रूप से पढ़कर सुनाया जाएगा:
एब्सेंट (Absent) मतदाता
शिफ्टेड (Shifted) मतदाता
डेथ (मृतक मतदाता)
डुप्लिकेट (Duplicate)
रिफ्यूज टू साइन (गैर-भारतीय नागरिक)
मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी ने अधिकारियों को निर्देश दिया है कि मतदाताओं से भरे हुए फॉर्म वापस लेते हुए उनके डिजिटाइजेशन (Digitization) की प्रक्रिया में तेजी लाएं।
इस उच्चस्तरीय बैठक में अपर मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी श्री सुबोध कुमार, राज्य ट्रेनिंग नोडल पदाधिकारी श्री देवदास दत्ता, उप निर्वाचन पदाधिकारी श्री धीरज कुमार ठाकुर, अवर निर्वाचन पदाधिकारी श्री सुनील कुमार सिंह सहित सभी जिलों के निर्वाचन पदाधिकारी उपस्थित थे।