Home » राम मंदिर ट्रस्ट के पहले CEO बने पूर्व एयर मार्शल जितेंद्र मिश्रा, बैठक में 3 नए ट्रस्टियों का भी हुआ ऐलान
श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट को मिला पहला CEO: पूर्व एयर मार्शल जितेंद्र मिश्रा संभालेंगे जिम्मेदारी; 3 नए ट्रस्टी भी नियुक्त !
अयोध्या: श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट की बुधवार को आयोजित एक महत्वपूर्ण बैठक में बड़े प्रशासनिक बदलाव किए गए हैं। ट्रस्ट ने सर्वसम्मति से पूर्व एयर मार्शल जितेंद्र मिश्रा को अयोध्या राम मंदिर का पहला मुख्य कार्यकारी अधिकारी (CEO) नियुक्त किया है। मंदिर निर्माण और उसके बाद की प्रशासनिक गतिविधियों को और अधिक व्यवस्थित व पारदर्शी बनाने के उद्देश्य से यह फैसला लिया गया है।
ऑपरेशन सिंदूर और वायुसेना में रहा शानदार करियर
मूल रूप से उत्तर प्रदेश के देवरिया जिले के रहने वाले पूर्व एयर मार्शल जितेंद्र मिश्रा की गिनती देश के बेहद जांबाज और रणनीतिक सैन्य अधिकारियों में होती है। उन्होंने भारतीय वायुसेना में अपनी सेवा के दौरान ‘ऑपरेशन सिंदूर’ के समय पश्चिमी वायु कमान (Western Air Command) की कमान संभाली थी और महत्वपूर्ण भूमिका निभाई थी। रक्षा क्षेत्र में उनके उत्कृष्ट योगदान और बेहतरीन प्रशासनिक क्षमता को देखते हुए ही ट्रस्ट ने उन्हें यह बड़ी जिम्मेदारी सौंपी है।
3 नए चेहरे ट्रस्टी के रूप में शामिल
बैठक के दौरान ट्रस्ट के विस्तार पर भी चर्चा हुई और तीन नए सदस्यों को ट्रस्टी के रूप में शामिल करने का फैसला किया गया:
महेश भागचंदका (दिल्ली): दिल्ली के जाने-माने समाजसेवी।
मदन मोहन पांडेय (अयोध्या): अयोध्या के वरिष्ठ अधिवक्ता।
निर्मला यादव (शिकोहाबाद): राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) से जुड़ी समाजसेविका।
क्या होगी CEO की भूमिका ?
राम मंदिर का निर्माण कार्य अंतिम चरण में है और प्रतिदिन लाखों की संख्या में श्रद्धालु अयोध्या पहुंच रहे हैं। ऐसे में मंदिर परिसर के दैनिक प्रबंधन, सुरक्षा व्यवस्था, वित्तीय पारदर्शिता और देश-विदेश से आने वाले भक्तों की सुविधाओं के बेहतर समन्वय के लिए एक पूर्णकालिक CEO की आवश्यकता महसूस की जा रही थी। पूर्व एयर मार्शल जितेंद्र मिश्रा अब इस पूरे प्रशासनिक तंत्र की निगरानी करेंगे।