Home » पटना एम्स का बड़ा विस्तार: 24 एकड़ जमीन और बर्न मरीजों के लिए स्किन स्टोरेज की सौगात | CM सम्राट चौधरी का बड़ा एलान
पटना एम्स का होगा महा-विस्तार: जल्द मिलेगी 24 एकड़ अतिरिक्त जमीन, बर्न मरीजों के लिए बनेगा ‘स्किन स्टोरेज
पटना,: बिहार के मुख्यमंत्री श्री सम्राट चौधरी ने आज पटना एम्स (AIIMS Patna) का व्यापक निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने राज्य में स्वास्थ्य सेवाओं को सुदृढ़ करने के लिए कई बड़े एलान किए। राज्य सरकार पटना एम्स के विस्तार के लिए जल्द ही 24 एकड़ अतिरिक्त भूमि उपलब्ध कराएगी, जिससे अस्पताल में मरीजों के लिए 200 नए बेड की क्षमता बढ़ेगी।

मुख्यमंत्री ने आश्वस्त किया कि राज्य सरकार गुणवत्तापूर्ण चिकित्सा ढांचे को मजबूत करने के लिए हरसंभव सहयोग देने के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है।
💡 मुख्य बिंदु जो आपके लिए जानना जरूरी है:
24 एकड़ नई जमीन: पटना एम्स के विस्तार के लिए राज्य सरकार देगी जमीन, जिससे लगभग 200 नए बेड बढ़ेंगे।
स्किन स्टोरेज की व्यवस्था: गंभीर रूप से झुलसे (बर्न) मरीजों के समयबद्ध इलाज के लिए बनेगा स्पेशल स्किन बैंक/स्टोरेज।
4-लेन सड़क का निर्माण: एम्स से नाथूपुर तक सुगम आवागमन के लिए 4-लेन सड़क का काम जल्द पूरा करने के निर्देश।
एम्स तालाब का कायाकल्प: परिसर के तालाब का जीर्णोद्धार कर उसे पर्यटन और आकर्षण का सुंदर केंद्र बनाया जाएगा।
बर्न मरीजों के लिए वरदान साबित होगी ‘स्किन स्टोरेज’ व्यवस्था
निरीक्षण के दौरान मुख्यमंत्री ने विशेष रूप से बर्न वार्ड का दौरा किया और वहां भर्ती मरीजों से मुलाकात कर उनका हालचाल जाना। मुख्यमंत्री ने कहा:
“गंभीर रूप से झुलसे मरीजों को बेहतर और त्वरित इलाज मिल सके, इसके लिए पटना एम्स में स्किन स्टोरेज (त्वचा भंडारण) की व्यवस्था विकसित की जाएगी। इसमें राज्य सरकार प्रबंधन को पूरा सहयोग देगी।”
आवागमन होगा आसान: नाथूपुर तक बनेगी 4-लेन सड़क
मरीजों, उनके परिजनों और आम नागरिकों को ट्रैफिक की समस्या से निजात दिलाने के लिए मुख्यमंत्री ने एम्स, पटना से नाथूपुर तक 4-लेन सड़क के निर्माण कार्य को तेज गति से पूरा करने का निर्देश दिया है। इसके लिए सभी संबंधित विभागों को आपसी समन्वय के साथ काम करने को कहा गया है।
कैंसर और न्यूक्लियर मेडिसिन विभागों का लिया जायजा
मुख्यमंत्री ने अस्पताल के अत्याधुनिक विभागों का भी बारीक निरीक्षण किया, जिसमें शामिल हैं:
डिपार्टमेंट ऑफ न्यूक्लियर मेडिसिन: पेट-सिटी (PET-CT) रूम, स्पेक्ट सिटी रूम और रेडियो फार्मेसी लैब।
डिविजन ऑफ ऑन्कोलॉजी (कैंसर विभाग): कैंसर पीड़ितों के लिए उपलब्ध सुविधाओं की समीक्षा।
एनाटॉमी विभाग और ओ०पी०डी० (OPD): सामान्य मरीजों के लिए बैठने और इलाज की व्यवस्थाओं को देखा।
पर्यावरण संरक्षण: पर्यटन केंद्र के रूप में विकसित होगा एम्स का तालाब
स्वास्थ्य सुविधाओं के साथ-साथ मुख्यमंत्री का ध्यान पर्यावरण पर भी रहा। उन्होंने एम्स परिसर में स्थित तालाब का अवलोकन किया और अधिकारियों को निर्देश दिया कि इसका जीर्णोद्धार (Renovation) कर इसे एक खूबसूरत इको-टूरिज्म और आकर्षण का केंद्र बनाया जाए, ताकि मरीजों के परिजनों और स्थानीय लोगों के लिए यह एक उपयोगी स्थल बन सके।
इस अवसर पर उपस्थित रहे वरिष्ठ अधिकारी:
इस उच्च स्तरीय निरीक्षण के दौरान मुख्यमंत्री के प्रधान सचिव श्री दीपक कुमार, मुख्यमंत्री के सचिव श्री लोकेश कुमार सिंह, स्वास्थ्य सचिव श्री कुमार रवि, विशेष सचिव श्री अरविंद कुमार चौधरी, BMSICL के प्रबंध निदेशक श्री सुब्रत कुमार सेन और पटना एम्स के निदेशक प्रो० (ब्रिग०) डॉ० राजू अग्रवाल सहित कई वरिष्ठ चिकित्सक मौजूद थे।
