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रांची RSS दफ्तर पेट्रोल बम हमला: NIA की रिमांड पर आरोपी, झारखंड में 61 संदिग्धों पर एटीएस का शिकंजा
रांची: राजधानी के चुटिया थाना क्षेत्र स्थित निवारणपुर में राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) के प्रांतीय कार्यालय पर 16 जून की रात हुए पेट्रोल बम हमले की जांच अब बेहद आक्रामक मोड़ पर आ गई है। इस मामले में झारखंड एटीएस (Anti-Terrorism Squad) और राष्ट्रीय जांच एजेंसी (NIA) दोनों मिलकर बड़े स्तर पर सुराग तलाश रही हैं।
बड़ी खबर: जांच एजेंसियों को इस हमले के पीछे अंतरराज्यीय (Interstate) और अंतरराष्ट्रीय आतंकी संगठनों से जुड़े होने के इनपुट मिले हैं, जिसके बाद राज्यभर में हाई अलर्ट जैसी स्थिति है।
🚨 झारखंड ATS का बड़ा एक्शन: 24 जिलों के कप्तानों को पत्र
मामले की गंभीरता को देखते हुए झारखंड एटीएस ने राज्य के सभी 24 जिलों के एसएसपी (SSPs) और एसपी (SPs) को एक सीक्रेट लेटर भेजा है।
61 संदिग्ध रडार पर: एटीएस ने राज्यभर में विभिन्न आतंकी संगठनों से जुड़े 61 संदिग्धों की सूची तैयार की है।
सत्यापन शुरू: इन सभी 61 संदिग्धों की मौजूदा लोकेशन, उनकी हालिया गतिविधियों और उनके संपर्कों की विस्तृत जानकारी जुटाने का निर्देश दिया गया है।
⚖️ NIA की रिमांड पर अमन और स्याम: उगल रहे हैं राज
दूसरी तरफ, केस को अपने हाथ में लेने के बाद एनआईए (NIA) इस साजिश की जड़ों तक पहुंचने की कोशिश कर रही है।
7 दिनों की रिमांड: एनआईए ने गिरफ्तार किए गए दो मुख्य आरोपियों—अमन अंसारी और स्याम सुजान को विशेष अदालत से 7 दिनों की रिमांड पर लिया है।
3 दिनों की पूछताछ में क्या मिला?: सूत्रों के मुताबिक, पिछले तीन दिनों की लगातार पूछताछ के दौरान जांच एजेंसी को कई बेहद संवेदनशील और महत्वपूर्ण जानकारियां मिली हैं।
अंतरराज्यीय कनेक्शन: शुरुआती कड़ियों को जोड़ने पर पता चला है कि आरोपियों के तार झारखंड के अलावा उत्तर प्रदेश, दिल्ली और मुंबई जैसे बड़े राज्यों से भी जुड़े हो सकते हैं।
🔍 क्या था पूरा मामला?
बता दें कि 16 जून की देर रात करीब 12:36 बजे निवारणपुर स्थित संघ कार्यालय (श्री निकेतन) को निशाना बनाकर चेहरे ढके हुए बदमाशों ने पेट्रोल बम फेंके थे। जिस वक्त यह हमला हुआ, उस समय परिसर के भीतर करीब 20 स्वयंसेवक मौजूद थे। पुलिस ने सीसीटीवी फुटेज के आधार पर तुरंत त्वरित कार्रवाई करते हुए आरोपियों को दबोचा था, जिसके बाद मामले का आतंकी एंगल सामने आने पर एटीएस और अब एनआईए ने मोर्चा संभाल लिया है।