Home » चुनाव आयोग ने बिहार से लॉन्च किया ELC 2.0; CEC ज्ञानेश कुमार बोले- ‘लोकतंत्र को जानें और नेतृत्व करें’
ECI ने पटना से लॉन्च किया ELC 2.0; CEC ज्ञानेश कुमार बोले– युवा मतदाताओं का विश्वास ही लोकतंत्र का भविष्य !
पटना/नई दिल्ली: भारत निर्वाचन आयोग (ECI) ने देश भर के शैक्षणिक संस्थानों में लोकतांत्रिक भागीदारी और चुनावी जागरूकता को मजबूती देने के लिए एक बड़ी पहल की है। पटना स्थित ज्ञान भवन में आयोजित एक विशेष सम्मेलन के दौरान मुख्य चुनाव आयुक्त (CEC) ज्ञानेश कुमार ने Electoral Literacy Club (ELC 2.0) का आधिकारिक शुभारंभ किया।
इस अवसर पर ELC के नए लोगो और नई टैगलाइन— “Learn Democracy. Lead Democracy.” (लोकतंत्र को जानें, लोकतंत्र का नेतृत्व करें) का भी अनावरण किया गया।
मुख्य बिंदु (Key Highlights):
डिजिटल और पारदर्शी व्यवस्था: ELC 2.0 को आयोग के डिजिटल प्लेटफॉर्म ECINet से सीधे जोड़ा जाएगा, जिससे रोल से लेकर पोल (मतदाता सूची से मतदान तक) की सेवाएं सिंगल क्लिक पर उपलब्ध होंगी।
व्यापक प्रभाव: देश के लगभग 15 लाख स्कूलों (25 करोड़ छात्र) और 70,000 उच्च शिक्षण संस्थानों (4.33 करोड़ छात्र) तक चुनावी साक्षरता पहुंचाने का लक्ष्य।
CEC का बिहार दौरा: ELC 2.0 के शुभारंभ से पहले CEC ज्ञानेश कुमार ने नालंदा के राजगीर में बूथ लेवल अधिकारियों (BLOs) के साथ बैठक की तथा मधुबनी, वैशाली और नालंदा का मैदानी दौरा किया।
“निष्पक्ष और पारदर्शी हैं भारत के चुनाव” – CEC ज्ञानेश कुमार
सम्मेलन को संबोधित करते हुए मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार ने स्पष्ट किया कि भारत में चुनाव पूरी तरह से संविधान, कानूनों और आयोग के निर्देशों के अनुसार आयोजित होते हैं। उन्होंने कहा:
“भारतीय चुनाव प्रक्रिया में सभी चरणों—चाहे वह नामांकन हो, मतदान हो या मतगणना—पर राजनीतिक दलों और उम्मीदवारों की पारदर्शी मौजूदगी और ऑडिट रहता है। युवाओं का चुनावी प्रक्रिया पर विश्वास ही हमारे लोकतंत्र का असली आधार है।”
क्या है ELC 2.0 और कैसे करेगा काम?
डिजिटल कनेक्टिविटी: ELC 2.0 के तहत स्कूलों, कॉलेजों और विश्वविद्यालयों में वर्ष भर चुनावी साक्षरता से जुड़ी गतिविधियां आयोजित की जाएंगी। ECINet पोर्टल के माध्यम से देश भर के क्लबों का एक एकीकृत नेटवर्क तैयार होगा।
व्यावहारिक शिक्षा: ELC 2.0 के माध्यम से छात्रों को मतदाता पंजीकरण (Voter Registration), ईवीएम/वीवीपैट की कार्यप्रणाली, मतदान और मतगणना प्रक्रिया की तथ्यात्मक और व्यावहारिक जानकारी दी जाएगी।
युवा बनेंगे ब्रांड एम्बेसेडर: इसका उद्देश्य प्रथम बार मतदान करने वाले (First-time Voters) युवाओं को केवल एक मतदाता बनाना नहीं, बल्कि उन्हें जिम्मेदार और जागरूक नागरिक बनाकर लोकतंत्र का नेतृत्व करने के लिए प्रेरित करना है।