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बिहार के स्कूल-कॉलेजों में अगले साल से शामिल होगा योग पाठ्यक्रम: CM
मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी का बड़ा एलान— बिना किसी खर्च के स्वस्थ जीवन का सरल उपाय है योग; पाटलिपुत्र स्पोर्ट्स कॉम्प्लेक्स में दिग्गजों संग किया योगाभ्यास।
बिहार के स्कूल-कॉलेजों में अनिवार्य होगा योग: मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी का बड़ा एलान; बोले- “मुंगेर की धरती वैश्विक योग का केंद्र”
पटना, 21 जून 2026: बिहार में स्वास्थ्य और शिक्षा व्यवस्था को एक नई दिशा देने के लिए नीतीश-सम्राट सरकार ने एक ऐतिहासिक नीतिगत फैसला लिया है। रविवार को पटना के पाटलिपुत्र स्पोर्ट्स कॉम्प्लेक्स में आयोजित 12वें अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस समारोह के मंच से मुख्यमंत्री श्री सम्राट चौधरी ने घोषणा की कि योगाभ्यास को जन-जन तक पहुँचाने के लिए अगले वर्ष से बिहार के सभी स्कूलों और कॉलेजों के पाठ्यक्रम (Syllabus) में योग को शामिल किया जाएगा।
समारोह का विधिवत उद्घाटन मुख्यमंत्री ने दीप प्रज्वलित कर किया। इसके बाद उन्होंने योग गुरु स्वामी परमतेज जी के मार्गदर्शन में वहां उपस्थित हजारों लोगों और वीआईपी (VIP) गणमान्य अतिथियों के साथ सामूहिक योगाभ्यास भी किया।
📚 बिहार के पाठ्यक्रम में शामिल होगा योग, जन-जन तक पहुँचेगी प्राचीन धरोहर
मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने शिक्षा और स्वास्थ्य को जोड़ते हुए राज्य के युवाओं के लिए बड़ा रोडमैप सामने रखा:
शारीरिक प्रशिक्षण का विस्तार: मुख्यमंत्री ने कहा कि बिहार के विद्यालयों और महाविद्यालयों में पहले से ही शारीरिक प्रशिक्षण (Physical Training) लागू है, लेकिन अब अगले सत्र से योग को सीधे पाठ्यक्रम का हिस्सा बनाया जाएगा।
मुंगेर का गौरवशाली इतिहास: उन्होंने गर्व से याद दिलाया कि बिहार के मुंगेर की धरती पूरे विश्व के लिए योग का केंद्र रही है, जहां दुनियाभर से लोग योग का प्रशिक्षण प्राप्त करने आते हैं और वैश्विक स्तर पर इसका प्रसार करते हैं।
💰 “बिना एक रुपया खर्च किए दीर्घायु होने का सबसे सरल उपाय है योग”
दैनिक जीवन में योग के महत्व और राज्य के स्वास्थ्य बजट पर बोलते हुए मुख्यमंत्री ने कहा:
जीरो कॉस्ट हेल्थ केयर: दवा या अस्पतालों के चक्कर काटने से बेहतर है कि लोग योग अपनाएं। बिना कोई खर्च किए स्वस्थ और दीर्घायु जीवन जीने का योग ही सबसे सरल और सटीक उपाय है।
स्वास्थ्य बजट का बोझ होगा कम: जनता को निरोग रखने के लिए प्रतिवर्ष स्वास्थ्य विभाग के माध्यम से बिहार सरकार का एक बहुत बड़ा बजट खर्च होता है। अगर लोग योग को अपनी दिनचर्या का हिस्सा बना लें, तो बीमारियां अपने आप दूर हो जाएंगी।
खुद का उदाहरण: मुख्यमंत्री ने अपना व्यक्तिगत अनुभव साझा करते हुए कहा, “मैं स्वयं प्रतिदिन सुबह टहलता हूं और योगाभ्यास करता हूं। आप सभी 24 घंटे की दिनचर्या में से कुछ समय नियमित योग के लिए जरूर निकालें।”
🌍 पीएम मोदी के प्रयासों से योग को मिली वैश्विक पहचान
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के विज़न की सराहना करते हुए सम्राट चौधरी ने कहा कि वर्ष 2014 से 2026 तक लगातार विगत 12 वर्षों से अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस पूरी दुनिया में मनाया जा रहा है। प्रधानमंत्री जी के प्रयासों से ही भारत की इस प्राचीन सांस्कृतिक विरासत को विश्व मंच पर नई प्रतिष्ठा मिली है। इसके साथ ही देशवासियों को स्वास्थ्य सुरक्षा देने के लिए प्रधानमंत्री ने आयुष्मान भारत योजना से 50 करोड़ से अधिक लोगों को जोड़ा है।
🏛️ केंद्रीय मंत्रियों और राज्य के दिग्गज नेताओं की रही महाजुटान
पाटलिपुत्र स्पोर्ट्स कॉम्प्लेक्स में आयोजित इस सामूहिक योगाभ्यास कार्यक्रम में राजनीति और प्रशासनिक जगत के कई बड़े चेहरे एक साथ चटाई पर योग करते नजर आए:
मुख्य अतिथि (मंच और सामूहिक योग)
पद / विभाग
श्री राजीव रंजन सिंह उर्फ ललन सिंह
माननीय केंद्रीय मंत्री
श्री रामनाथ ठाकुर
माननीय केंद्रीय मंत्री
श्री विजय कुमार चौधरी
माननीय उपमुख्यमंत्री, बिहार
श्री निशांत
माननीय स्वास्थ्य मंत्री, बिहार
श्री प्रत्यय अमृत
मुख्य सचिव, बिहार सरकार
श्री विनय कुमार
पुलिस महानिदेशक (DGP), बिहार
इसके अलावा पटना की मेयर श्रीमती सीता साहू, विधान पार्षद मंगल पाण्डेय, अनिल शर्मा सहित खेल और स्वास्थ्य विभाग के तमाम आला अधिकारी, सैकड़ों योग प्रशिक्षक और भारी संख्या में छात्र-छात्राएं इस भव्य कार्यक्रम के साक्षी बने।
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