रांची में कांग्रेस की ‘डैमेज कंट्रोल’ प्रेस कॉन्फ्रेंस: बीजेपी पर लगाया ‘झारखंड अस्मिता की बोली’ लगाने का आरोप; बोले— “हमारे 1-1 विधायक ने किया वोट”
मंत्री राधा कृष्ण किशोर का बड़ा बयान— “संख्या बल होने के बाद भी 6 वोट कहां गए? यह कांग्रेस की नहीं बल्कि पूरे महागठबंधन की हार है, सहयोगी दल आपसी बयानबाजी से बचें”
रांची: झारखंड राज्यसभा चुनाव के नतीजों के बाद सत्ताधारी खेमे में मचे अंदरूनी घमासान और विपक्षी दल भाजपा के हमलों के बीच शनिवार को कांग्रेस पार्टी ने रांची में एक बड़ी प्रेस कॉन्फ्रेंस कर फ्रंट फुट पर मोर्चा संभाला है। प्रदेश अध्यक्ष केशव महतो कमलेश, विधायक दल के नेता प्रदीप यादव और संसदीय कार्य मंत्री राधा कृष्ण किशोर ने संयुक्त रूप से मीडिया को संबोधित करते हुए भारतीय जनता पार्टी पर ‘इंडिया महागठबंधन’ को तोड़ने की गहरी साजिश रचने का सीधा आरोप लगाया।
कांग्रेस नेतृत्व ने स्पष्ट किया कि लोकतंत्र में हार-जीत अपनी जगह है, लेकिन संख्या बल होने के बावजूद महागठबंधन के 56 वोटों में से जो 6 वोट गायब हुए हैं, उस पूरे मामले पर केंद्रीय नेतृत्व गहन विश्लेषण और ‘चिंतन-मनन’ कर रहा है।
📊 कांग्रेस प्रेस कॉन्फ्रेंस 2026: नेताओं के बड़े बयान और स्टैंड
प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान कांग्रेस के शीर्ष नेताओं द्वारा गठबंधन की स्थिति और भाजपा की रणनीति पर रखे गए पक्ष का विवरण नीचे तालिका में दिया गया है:
नेता का नाम व पद |
प्रेस कॉन्फ्रेंस में दिया गया मुख्य बयान (Key Statements) |
|---|---|
केशव महतो कमलेश(प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष) |
* राजद (RJD) द्वारा लगाए जा रहे आरोप पूरी तरह निराधार हैं।* कांग्रेस विधायकों की प्रतिष्ठा पर प्रश्नचिह्न लगाना गलत है, राजनीतिक मर्यादा का उल्लंघन न हो। |
प्रदीप यादव(नेता, विधायक दल) |
* “हार का प्रमुख कारण भाजपा की हॉर्स ट्रेडिंग है।” उन्होंने पहले से ही चादर बिछा रखी थी।* हमारी लड़ाई बड़ी है और हम ‘आसुरी ताकतों’ के खिलाफ एकजुट होकर लड़ेंगे। |
राधा कृष्ण किशोर(संसदीय कार्य मंत्री) |
* प्रणव झा की हार सिर्फ कांग्रेस की हार नहीं, बल्कि पूरे महागठबंधन की हार है।* हमारे प्रभारी के. राजू पूरी तरह ईमानदार हैं, उनके नेतृत्व पर प्रदेश कांग्रेस को कोई शक नहीं है। |
⚡ “भाजपा ने बिछाई थी चादर, झारखंड अस्मिता की लगाई गई बोली”
प्रेस कॉन्फ्रेंस को संबोधित करते हुए विधायक दल के नेता प्रदीप यादव ने सीधे तौर पर भाजपा के चुनावी प्रबंधन को कटघरे में खड़ा किया। उन्होंने कहा:
“जो बातें राज्यसभा चुनाव के दौरान हुईं, वे अब पब्लिक डोमेन में आ चुकी हैं। इस हार की प्रमुख जिम्मेदार भारतीय जनता पार्टी है, जो यहाँ केवल हॉर्स ट्रेडिंग (विधायकों की खरीद-फरोख्त) के इरादे से आई थी और उन्होंने पहले से ही इसकी बिसात बिछा रखी थी। हमारे सभी विधायकों ने पूरी एकजुटता का परिचय दिया है। इस थोड़ी बहुत चूक पर हमें चिंता नहीं, बल्कि ‘चिंतन’ करने की आवश्यकता है। संविधान के पन्नों को तार-तार करने वाली ताकतों के खिलाफ हमारा यह गठबंधन पूरी तरह अटूट है।”
🛑 “सहयोगी दल अपने ही प्रभारी पर प्रतिकार करने से बचें” — राधा कृष्ण किशोर
मंत्री राधा कृष्ण किशोर ने गठबंधन के सहयोगी दलों (राजद-माले) द्वारा कांग्रेस प्रभारी के. राजू के खिलाफ की जा रही बयानबाजी पर कड़ा ऐतराज जताया। उन्होंने कहा कि संख्या बल होने के बावजूद हमारी हार हुई है, इसीलिए हमारे प्रभारी ने कहा था कि हमारे साथ ‘धोखा’ हुआ है। ऐसे में सहयोगियों को प्रतिकार करने के बजाय एकजुटता दिखानी चाहिए थी। उन्होंने साफ किया कि मतदान केंद्र के अंदर इलेक्शन एजेंट के रूप में मुस्तैद रहकर वोटिंग कराने वाले के. राजू जैसे अनुभवी नेता पर कोई भी उंगली नहीं उठा सकता। कांग्रेस के एक-एक विधायक ने अपने अधिकृत प्रत्याशी को ही वोट किया है।
👥 प्रेस कॉन्फ्रेंस में उमड़ा कांग्रेस दिग्गजों का हुजूम
कांग्रेस मुख्यालय में आयोजित इस महत्वपूर्ण प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान पार्टी ने अपनी सांगठनिक एकजुटता का प्रदर्शन किया। मंच और दीर्घा में प्रदेश अध्यक्ष केशव महतो कमलेश, मंत्री शिल्पी नेहा तिर्की, राधा कृष्ण किशोर, स्वास्थ्य मंत्री डॉ. इरफान अंसारी, विधायक दल के नेता प्रदीप यादव, पूर्व मंत्री रामेश्वर उरांव, विधायक राजेश कच्छप, रामचंद्र सिंह, ममता देवी, श्वेता सिंह, भूषण बाड़ा और सोनाराम सिंकू सहित कई वरिष्ठ नेता और सैकड़ों कार्यकर्ता मौजूद रहे।
🎤 टीवी/डिजिटल न्यूज़ चैनल्स के लिए वीडियो बाइट्स (News Bytes Guide)
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बाइट 1: केशव महतो कमलेश, प्रदेश अध्यक्ष (गठबंधन के अटूट होने और राजनीतिक मर्यादा पर बयान)।
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बाइट 2: राधा कृष्ण किशोर, संसदीय कार्य मंत्री (6 वोटों के गायब होने और प्रभारी के. राजू के समर्थन में बयान)।
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बाइट 3: प्रदीप यादव, नेता विधायक दल (भाजपा की हॉर्स ट्रेडिंग और बड़ी लड़ाई के संकल्प पर बयान)।



















