लोहरदगा :लोहरदगा में अक्टूबर महीने में जादू-टोना के शक में एक ही परिवार के तीन लोगों की हत्या मामले को झारखंड हाईकोर्ट ने गंभीरता से लिया है। चीफ जस्टिस तरलोक सिंह चौहान और जस्टिस राजेश शंकर की कोर्ट ने गुरुवार को इस मामले पर संज्ञान लेते हुए इसे जनहित याचिका में बदल दिया। इस याचिका पर सुनवाई करते हुए कोर्ट ने राज्य सरकार को तीन सप्ताह में प्रति शपथ पत्र दाखिल करने का निर्देश दिया। कोर्ट ने कहा कि दो साल के दौरान डायन प्रथा निवारण अधिनियम- 1999 के तहत झारखंड में दर्ज केस की पूरी रिपोर्ट दें। कोर्ट ने कहा कि डायन और जादू-टोना के अंधविश्वास में बच्चा सहित एक ही परिवार के तीन सदस्यों की हत्या गंभीर बात है।
इसलिए इस तरह के कितने मामले सामने आए, इसकी रिपोर्ट कोर्ट में सौंपे। कोर्ट ने मामले की अगली सुनवाई 14 नवंबर को निर्धारित की है। मालूम हो कि कोर्ट ने समाचार पत्रों में प्रकाशित हत्या की खबर पर संज्ञान लिया था। इसके बाद राज्य सरकार को नोटिस जारी करते हुए जवाब मांगा था।
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