Home » भारत-भूटान लोकतांत्रिक संबंधों को मिली नई मजबूती: मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार ने थिम्फू में भूटान नरेश से की मुलाकात
भारत-भूटान संबंधों में नया अध्याय: मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार ने थिम्फू में भूटान नरेश से की शिष्टाचार भेंट !
थिम्फू / नई दिल्ली: भारत के मुख्य निर्वाचन आयुक्त (CEC) ज्ञानेश कुमार ने अपनी तीन दिवसीय भूटान यात्रा के पहले दिन राजधानी थिम्फू में भूटान के राजा जिग्मे खेसर नामग्याल वांगचुक से शिष्टाचार मुलाकात की। यह मुलाकात भारत और भूटान के बीच वर्षों पुरानी गहरी मित्रता, आपसी विश्वास और लोकतांत्रिक मूल्यों के प्रति साझा प्रतिबद्धता का एक जीवंत प्रतीक है।

भारत का निर्वाचन आयोग (ECI) और भूटान का निर्वाचन आयोग लगातार संस्थागत सहयोग को बढ़ावा दे रहे हैं। ज्ञानेश कुमार की यह यात्रा दोनों देशों की निर्वाचन संस्थाओं के बीच क्षमता निर्माण, प्रौद्योगिकी के आदान-प्रदान और चुनावी प्रक्रियाओं में पारदर्शिता को और मजबूत करने के उद्देश्य से आयोजित की गई है।
भूटान के राष्ट्रीय मतदाता दिवस समारोह में होंगे मुख्य अतिथि
अपनी इस तीन दिवसीय यात्रा (14 से 16 सितंबर) के दौरान मुख्य चुनाव आयुक्त 15 सितंबर को पारो स्थित ‘जिग्मे सिंग्ये वांगचुक स्कूल ऑफ लॉ’ में आयोजित होने वाले भूटान के राष्ट्रीय मतदाता दिवस (National Voters’ Day) समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में शिरकत करेंगे।
इसके अतिरिक्त, 16 सितंबर को वे भूटान के प्रधानमंत्री दाशो शेरिंग तोबगे (Dasho Tshering Tobgay) से मुलाकात करेंगे और देश के वरिष्ठ प्रशासनिक अधिकारियों के साथ चुनावी प्रबंधन और लोकतांत्रिक प्रथाओं पर विचार-विमर्श करेंगे।
भारत और भूटान का मजबूत लोकतांत्रिक सहयोग
भारत और भूटान के संबंध केवल राजनीतिक और आर्थिक सीमाओं तक सीमित नहीं हैं, बल्कि यह साझा सांस्कृतिक और लोकतांत्रिक मूल्यों पर टिके हैं। भारत का निर्वाचन आयोग लंबे समय से पड़ोसी देशों में निष्पक्ष व पारदर्शी चुनाव कराने की दिशा में अपने अनुभवों और इलेक्ट्रॉनिक वोटिंग मशीन (EVM) तकनीक को साझा करता रहा है। CEC ज्ञानेश कुमार की इस यात्रा से भारत-भूटान के बीच संस्थागत संबंधों में एक नया अध्याय जुड़ेगा।