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चाईबासा में हड़कंप: खेत की जुताई के दौरान निकला 30 किलो का संदिग्ध मोर्टार शेल, CRPF ने घेरा इलाका
चाईबासा: झारखंड के पश्चिमी सिंहभूम (चाईबासा) जिले से एक बड़ी और सनसनीखेज खबर सामने आ रही है। मनोहरपुर थाना क्षेत्र के सोनपोखरी गांव में एक खेत की जुताई के दौरान भारी-भरकम संदिग्ध मोर्टार शेल मिलने से पूरे इलाके में हड़कंप मच गया है। करीब 30 किलोग्राम वजनी और दो फीट लंबे इस जंग लगे विस्फोटक जैसी वस्तु की सूचना मिलते ही पुलिस और सीआरपीएफ (CRPF) की टीम ने मोर्चा संभाल लिया।
ट्रैक्टर के प्लग से टकराई भारी वस्तु, फिर खुली पोल
मिली जानकारी के अनुसार, सोनपोखरी गांव के रहने वाले विजय हेंब्रम के खेत में ट्रैक्टर से सामान्य दिनों की तरह जुताई का काम चल रहा था। इसी दौरान ट्रैक्टर चालक शिवचरण महतो को अचानक महसूस हुआ कि मिट्टी के नीचे कोई बेहद भारी चीज दबी हुई है। जब चालक ने वहां से सावधानीपूर्वक मिट्टी हटाई, तो उसके होश उड़ गए। जमीन के नीचे एक विशालकाय जंग लगा मोर्टार शेल जैसी वस्तु दिखाई दी, जिसकी सूचना तुरंत स्थानीय मनोहरपुर थाना पुलिस को दी गई।
“ग्रामीणों से सूचना मिलने के बाद पुलिस और सीआरपीएफ की टीम ने उक्त संदिग्ध मोर्टार शेल को तुरंत सुरक्षित अपने कब्जे में ले लिया है। बम निरोधक दस्ता (BDDS) इसकी सघन जांच कर रहा है। फिलहाल घबराने की या किसी प्रकार के खतरे की कोई बात नहीं है।”
— अमित रेणु, पुलिस अधीक्षक (SP), चाईबासा
सुरक्षा घेरे में पूरा गांव, BDDS टीम कर रही जांच
विस्फोटक की खबर आग की तरह फैली और देखते ही देखते खेत के चारों ओर ग्रामीणों की भारी भीड़ जुट गई। हालांकि, प्रशासन ने तत्परता दिखाई:
इलाके की नाकेबंदी: CRPF और स्थानीय पुलिस ने सुरक्षा के दृष्टिकोण से तुरंत पूरे क्षेत्र को कॉर्डन ऑफ (घेराबंदी) कर दिया और लोगों को दूर खदेड़ा।
बम स्क्वॉड की एंट्री: सीआरपीएफ की विशेष बम निरोधक टीम (BDDS) तत्काल मौके पर पहुंची और संदिग्ध मोर्टार शेल को अपने कब्जे में लेकर जांच शुरू कर दी।
प्रशासन ने ग्रामीणों से विशेष अपील की है कि खेतों, जंगलों या सुनसान स्थानों पर किसी भी ऐसी संदिग्ध या जंग लगी वस्तु के मिलने पर उसे खुद छूने या हिलाने का प्रयास बिल्कुल न करें और तुरंत पुलिस को सूचित करें।
⏳ झारखंड में बम मिलने का सिलसिला: पिछले 3 महीनों का इतिहास
झारखंड के इस इलाके (कोल्हान और सिंहभूम क्षेत्र) में विस्फोटक मिलने की यह पहली घटना नहीं है। पिछले कुछ महीनों में इस क्षेत्र से कई शक्तिशाली द्वितीय विश्व युद्ध के समय के या पुराने विस्फोटक बरामद हो चुके हैं:
बहरागोड़ा में पहला अमेरिकी बम
17 मार्च 2026
पूर्वी सिंहभूम के बहरागोड़ा स्थित सुवर्णरेखा नदी के किनारे से 500 पाउंड का विशालकाय अमेरिकी बम बरामद हुआ, जिससे हड़कंप मच गया था।
उसी इलाके में दूसरा महाशक्तिशाली बम
23 मार्च 2026
ठीक 6 दिन बाद, इसी बहरागोड़ा इलाके से एक और अमेरिकी हवाई बम मिला, जिसपर ‘AN-M64 500 lb’ मार्क अंकित था।
घाटशिला में जिंदा बम की बरामदगी
20 अप्रैल 2026
घाटशिला क्षेत्र में भी स्वर्णरेखा नदी के किनारे एक बार फिर संदिग्ध जिंदा बम बरामद किया गया, जिसने सुरक्षा एजेंसियों को अलर्ट पर डाल दिया था।
चाईबासा के खेत में मोर्टार शेल
24 जून 2026
अब चाईबासा के मनोहरपुर में खेत जुताई के दौरान 30 किलो का भारी-भरकम मोर्टार शेल बरामद हुआ है, जिसकी बीडीडीएस जांच कर रही है।
📌 न्यूज़ हाइलाइट्स (Quick Highlights for Social Media)
वजन और साइज: 30 किलोग्राम भारी और लगभग 2 फीट लंबा जंग लगा मोर्टार शेल बरामद।
कहाँ मिला: चाईबासा के मनोहरपुर थाना क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले सोनपोखरी गांव के एक खेत में।
कैसे चला पता: विजय हेंब्रम के खेत में ट्रैक्टर से जुताई के दौरान चालक शिवचरण महतो को मिट्टी के नीचे दबी वस्तु का अहसास हुआ।
हाई अलर्ट: सुरक्षा के लिहाज से CRPF और स्थानीय पुलिस ने पूरे खेत को चारों तरफ से घेरा, ग्रामीणों के जाने पर रोक।